उत्तरकाण्ड · चौपाई · चौपाई
कहहु भगति पथ कवन प्रयासा। जोग न मख जप तप उपवासा।।
मूल पाठ
कहहु भगति पथ कवन प्रयासा। जोग न मख जप तप उपवासा।।
सरल सुभाव न मन कुटिलाई। जथा लाभ संतोष सदाई।।
स्रोत अभिलेख 7.46 · पुस्तक पृ. 952, 953
भावार्थ
मूल पाठ के बादकहो तो, भक्तिमार्गमें कौन-सा परिश्रम है? इसमें न योगकी आवश्यकता है, न यज्ञ, जप, तप और उपवासकी! [यहाँ इतना ही आवश्यक है कि] सरल स्वभाव हो, मनमें कुटिलता न हो और जो कुछ मिले उसीमें सदा सन्तोष रखे॥ १॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 952 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
1 कहहु भगति पथ कवन प्रयासा। जोग न मख जप तप उपवासा।।
English explanation
Tell me, what arduous effort does the path of devotion require? It does not require yoga, sacrifice, ritual repetition, austerity, or fasting.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| कहहु | बताओ | tell me |
| भगति | भक्ति | devotion |
| पथ | मार्ग में | on the path |
| कवन | कौन-सा | what |
| प्रयासा | कठिन प्रयास | arduous effort |
| जोग | योग-साधना | yogic practice |
| न | आवश्यक नहीं | not required |
| मख | यज्ञ | ritual sacrifice |
| जप | मंत्र या नाम का जप | ritual repetition of a mantra or name |
| तप | तपस्या | austerity |
| उपवासा | उपवास | fasting |
2 सरल सुभाव न मन कुटिलाई। जथा लाभ संतोष सदाई।।
English explanation
Have a straightforward nature, no deceit in the mind, and lasting contentment with whatever comes to you.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| सरल | सरल, निष्कपट | straightforward, sincere |
| सुभाव | स्वभाव | disposition |
| न | न हो | let there be no |
| मन | मन में | in the mind |
| कुटिलाई | कुटिलता | deceitfulness |
| जथा | जैसा भी | whatever |
| लाभ | प्राप्त हो | is received |
| संतोष | संतोष | contentment |
| सदाई | सदा | always |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- उत्तरकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 7.46
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 952
- सहायक विषय
- श्रीरामजीका प्रजाको उपदेश (श्रीरामगीता), पुरवासियोंकी कृतज्ञता
- मुद्रित पृष्ठ
- 952, 953
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।