बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
बिजय हेतु कटकई बनाई। सुदिन साधि नृप चलेउ बजाई।।
मूल पाठ
बिजय हेतु कटकई बनाई। सुदिन साधि नृप चलेउ बजाई।।
जँह तहँ परीं अनेक लराईं। जीते सकल भूप बरिआई।।
स्रोत अभिलेख 1.154 · पुस्तक पृ. 160, 160
भावार्थ
मूल पाठ के बाददिग्विजयके लिये सेना सजाकर वह राजा शुभ दिन (मुहूर्त) साधकर और डंका बजाकर चला। जहाँ-तहाँ बहुत-सी लड़ाइयाँ हुईं। उसने सब राजाओंको बलपूर्वक जीत लिया॥ ३॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 160 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 बिजय हेतु कटकई बनाई। सुदिन साधि नृप चलेउ बजाई।।
English explanation
The army was prepared for conquest. Choosing an auspicious day, the king set out with drums sounding.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| बिजय | विजय | conquest |
| हेतु | के लिए | for |
| कटकई | सैन्य अभियान की व्यवस्था | military expedition preparations |
| बनाई | तैयार की | prepared |
| सुदिन | शुभ दिन | an auspicious day |
| साधि | चुनकर | having selected |
| नृप | राजा | the king |
| चलेउ | चल पड़ा | set out |
| बजाई | नगाड़े बजवाकर | having drums sounded |
2 जँह तहँ परीं अनेक लराईं। जीते सकल भूप बरिआई।।
English explanation
Many battles took place here and there; the king defeated all the rulers by force.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| जँह | जहाँ | where |
| तहँ | वहाँ; मिलकर जहाँ-तहाँ | there; together, here and there |
| परीं | हुईं | took place |
| अनेक | अनेक | many |
| लराईं | लड़ाइयाँ | battles |
| जीते | जीत लिए | defeated |
| सकल | सभी | all |
| भूप | राजा | kings |
| बरिआई | बलपूर्वक | by force |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.154
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 160
- सहायक विषय
- प्रतापभानुकी कथा
- मुद्रित पृष्ठ
- 160, 160
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।