बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
अधिक सनेहँ गोद बैठारी। स्याम सरोज नयन भरे बारी।।
मूल पाठ
अधिक सनेहँ गोद बैठारी। स्याम सरोज नयन भरे बारी।।
जेहिं बिधि तुम्हहि रूपु अस दीन्हा। तेहिं जड़ बरु बाउर कस कीन्हा।।
स्रोत अभिलेख 1.96 · पुस्तक पृ. 110, 111
भावार्थ
मूल पाठ के बादऔर अत्यन्त स्नेहसे गोदमें बैठाकर अपने नील कमलके समान नेत्रोंमें आँसू भरकर कहा— जिस विधाताने तुमको ऐसा सुन्दर रूप दिया, उस मूर्खने तुम्हारे दूल्हेको बावला कैसे बनाया?॥ ४॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 110 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 अधिक सनेहँ गोद बैठारी। स्याम सरोज नयन भरे बारी।।
English explanation
She seated Parvati in her lap with deep affection; her dark, lotus-like eyes filled with tears.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| अधिक | बहुत अधिक | deep |
| सनेहँ | स्नेह से | with affection |
| गोद | गोद में | in her lap |
| बैठारी | बैठाया | seated her |
| स्याम | श्याम, गहरे रंग के | dark-hued |
| सरोज | कमल जैसे | lotus-like |
| नयन | नेत्र | eyes |
| भरे | भर गए | filled |
| बारी | जल अर्थात आँसुओं से | with water, here tears |
2 जेहिं बिधि तुम्हहि रूपु अस दीन्हा। तेहिं जड़ बरु बाउर कस कीन्हा।।
English explanation
Why did that foolish Creator, who gave you such beauty, make your bridegroom mad?
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| जेहिं | जिसने | who |
| बिधि | विधाता | the Creator |
| तुम्हहि | तुम्हें | to you |
| रूपु | रूप, सुंदरता | beauty |
| अस | ऐसा | such |
| दीन्हा | दिया | gave |
| तेहिं | उसी ने | that same one |
| जड़ | मूर्ख ने | the foolish one |
| बरु | दूल्हे को | the bridegroom |
| बाउर | पागल | mad |
| कस | क्यों | why |
| कीन्हा | बनाया | made |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.96
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 110
- सहायक विषय
- शिवजीकी विचित्र बारात और विवाहकी तैयारी
- मुद्रित पृष्ठ
- 110, 111
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