अयोध्याकाण्ड · चौपाई · चौपाई
बचन सुनत सुरगुरु मुसकाने। सहसनयन बिनु लोचन जाने।।
मूल पाठ
बचन सुनत सुरगुरु मुसकाने। सहसनयन बिनु लोचन जाने।।
मायापति सेवक सन माया। करइ त उलटि परइ सुरराया।।
स्रोत अभिलेख 2.218 · पुस्तक पृ. 524, 525
भावार्थ
मूल पाठ के बादइन्द्रके वचन सुनते ही देवगुरु बृहस्पतिजी मुसकराये। उन्होंने हजार नेत्रोंवाले इन्द्रको [ज्ञानरूपी] नेत्रोंसे रहित (मूर्ख) समझा और कहा—हे देवराज! मायाके स्वामी श्रीरामचन्द्रजीके सेवकके साथ कोई माया करता है तो वह उलटकर अपने ही ऊपर आ पड़ती है॥ १॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 524 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
1 बचन सुनत सुरगुरु मुसकाने। सहसनयन बिनु लोचन जाने।।
English explanation
AI draft: Hearing these words, Brihaspati, the gods’ preceptor, smiled; he judged thousand-eyed Indra to lack the eyes of discernment.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| बचन | वचन | words |
| सुनत | सुनकर | on hearing |
| सुरगुरु | देवताओं के गुरु बृहस्पति | Brihaspati, preceptor of the gods |
| मुसकाने | मुस्कराए | smiled |
| सहसनयन | हजार नेत्रों वाले इंद्र को | thousand-eyed Indra |
| बिनु | बिना | without |
| लोचन | आँखों के; यहाँ विवेक-दृष्टि | eyes; here, discernment |
| जाने | समझा | judged to be |
2 मायापति सेवक सन माया। करइ त उलटि परइ सुरराया।।
English explanation
O king of the gods, if someone deceives a servant of Rama, the lord of illusion, that deceit rebounds upon its maker.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| मायापति | माया के स्वामी राम के | of Rama, lord of illusion |
| सेवक | सेवक | servant |
| सन | के साथ | with; against |
| माया | छल | deception |
| करइ | करे | practises |
| त | तो | then |
| उलटि | उलटकर | turning back |
| परइ | पड़ता है | falls upon the doer |
| सुरराया | हे देवराज इंद्र | O Indra, king of the gods |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- अयोध्याकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 2.218
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 524
- सहायक विषय
- इन्द्र-बृहस्पति-संवाद
- मुद्रित पृष्ठ
- 524, 525
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।