लङ्काकाण्ड · चौपाई · चौपाई
सो उठि गयउ कहत दुर्बादा। तब सकोप बोलेउ घननादा।।
भावार्थ
पहले अर्थ, फिर शब्दवह रावणको दुर्वचन कहता हुआ उठकर चला गया। तब मेघनाद क्रोधपूर्वक बोला—सबेरे मेरी करामात देखना। मैं बहुत कुछ करूँगा; थोड़ा क्या कहूँ ? (जो कुछ वर्णन करूँगा थोड़ा ही होगा)॥ ३॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 820 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
मूल पाठ
सो उठि गयउ कहत दुर्बादा। तब सकोप बोलेउ घननादा।।
कौतुक प्रात देखिअहु मोरा। करिहउँ बहुत कहौं का थोरा।।
स्रोत अभिलेख 6.49 · पुस्तक पृ. 819, 820
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 सो उठि गयउ कहत दुर्बादा। तब सकोप बोलेउ घननादा।।
English explanation
He rose and left, uttering harsh words. Then Meghnada spoke angrily.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| सो | वह, माल्यवान | he, Malyavan |
| उठि | उठकर | having risen |
| गयउ | चला गया | departed |
| कहत | कहते हुए | saying |
| दुर्बादा | कठोर या अप्रिय बातें | harsh or unpleasant words |
| तब | तब | then |
| सकोप | क्रोध सहित | with anger |
| बोलेउ | बोला | spoke |
| घननादा | मेघनाद, रावण का पुत्र | Meghnada, Ravana’s son |
2 कौतुक प्रात देखिअहु मोरा। करिहउँ बहुत कहौं का थोरा।।
English explanation
“Watch my feat in battle tomorrow morning. I shall do much; what is the use of saying just a little?”
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| कौतुक | अद्भुत करतब; युद्ध-कौतुक | marvelous feat; battle spectacle |
| प्रात | सुबह | in the morning |
| देखिअहु | देखिए | watch; behold |
| मोरा | मेरा | my |
| करिहउँ | मैं करूँगा | I shall do |
| बहुत | बहुत कुछ | much |
| कहौं | मैं कहूँ | should I say |
| का | क्या; किस लाभ के लिए | what; to what purpose |
| थोरा | थोड़ा-सा | a little |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- लङ्काकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 6.49
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 820
- सहायक विषय
- माल्यवान्का रावणको समझाना
- मुद्रित पृष्ठ
- 819, 820
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