लङ्काकाण्ड · चौपाई · चौपाई
सिर अरु सैल कथा चित रही। ताते बार बीस तैं कही।।
मूल पाठ
सिर अरु सैल कथा चित रही। ताते बार बीस तैं कही।।
सो भुजबल राखेउ उर घाली। जीतेहु सहसबाहु बलि बाली।।
स्रोत अभिलेख 6.29 · पुस्तक पृ. 799, 800
भावार्थ
मूल पाठ के बादसिर काटने और कैलास उठानेकी कथा चित्तमें चढ़ी हुई थी, इससे तूने उसे बीसों बार कहा। भुजाओंके उस बलको तो तूने हृदयमें ही टाल (छिपा) रखा है, जिससे तूने सहस्रबाहु, बलि और बालिको जीता था॥ ४॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 799 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
1 सिर अरु सैल कथा चित रही। ताते बार बीस तैं कही।।
English explanation
You remembered the story of your heads and the mountain, so you told it twenty times.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| सिर | सिरों की | of the heads |
| अरु | और | and |
| सैल | पर्वत की | of the mountain |
| कथा | कथा | story |
| चित | स्मरण में | in memory |
| रही | रही | remained |
| ताते | इसीलिए | therefore |
| बार | बार | times |
| बीस | बीस | twenty |
| तैं | तूने | you |
| कही | कहा | told |
2 सो भुजबल राखेउ उर घाली। जीतेहु सहसबाहु बलि बाली।।
English explanation
But you kept hidden in your heart the arm-strength with which you ‘defeated’ Sahasrabahu, Bali, and the monkey king Bali! This mocks Ravana’s defeats.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| सो | वह | that |
| भुजबल | भुजाओं का बल | strength of your arms |
| राखेउ | तूने रखा | you kept |
| उर | हृदय में | in your heart |
| घाली | डालकर, छिपाकर | tucked away |
| जीतेहु | तूने जीता | you defeated |
| सहसबाहु | सहस्रबाहु राजा को | King Sahasrabahu |
| बलि | दैत्यराज बलि को | Bali, the demon king |
| बाली | वानरराज बालि को | Bali, the monkey king |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- लङ्काकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 6.29
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 799
- सहायक विषय
- अंगदजीका लंका जाना और रावणकी सभामें अंगद-रावण-संवाद
- मुद्रित पृष्ठ
- 799, 800
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।