लङ्काकाण्ड · चौपाई · चौपाई
निसा सिरानि भयउ भिनुसारा। लगे भालु कपि चारिहुँ द्वारा।।
भावार्थ
पहले अर्थ, फिर शब्दरात बीत गयी, सबेरा हुआ। रीछ-वानर [फिर] चारों दरवाजोंपर जा डटे। योद्धाओंको बुलाकर दशमुख रावणने कहा—लड़ाईमें शत्रुके सम्मुख जिसका मन डाँवाडोल हो,॥ २॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 848 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
मूल पाठ
निसा सिरानि भयउ भिनुसारा। लगे भालु कपि चारिहुँ द्वारा।।
सुभट बोलाइ दसानन बोला। रन सन्मुख जा कर मन डोला।।
स्रोत अभिलेख 6.78 · पुस्तक पृ. 848, 848
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 निसा सिरानि भयउ भिनुसारा। लगे भालु कपि चारिहुँ द्वारा।।
English explanation
The night ended and dawn broke. The bears and monkeys began attacking all four gates.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| निसा | रात | the night |
| सिरानि | समाप्त हुई | ended |
| भयउ | हो गया | came |
| भिनुसारा | भोर | dawn |
| लगे | आक्रमण में लग गए | began attacking |
| भालु | भालू | bears |
| कपि | वानर | monkeys |
| चारिहुँ | चारों | all four |
| द्वारा | द्वारों पर | at the gates |
2 सुभट बोलाइ दसानन बोला। रन सन्मुख जा कर मन डोला।।
English explanation
Calling the warriors, ten-headed Ravana said: Whoever loses courage when facing battle—
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| सुभट | वीर योद्धाओं को | the valiant warriors |
| बोलाइ | बुलाकर | having summoned |
| दसानन | दस सिरों वाला रावण | ten-headed Ravana |
| बोला | बोला | said |
| रन | युद्ध | battle |
| सन्मुख | के सामने | when facing |
| जा | जिस | whose |
| कर | का | possessive linking word |
| मन | मन | heart |
| डोला | डगमगाया | wavered |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- लङ्काकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 6.78
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 848
- सहायक विषय
- मेघनाद-यज्ञ-विध्वंस, युद्ध और मेघनाद-उद्धार
- मुद्रित पृष्ठ
- 848, 848
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