लङ्काकाण्ड · चौपाई · चौपाई
अस कहि छाड़ेसि बान प्रचंडा। लछिमन किए सकल सत खंडा।।
भावार्थ
पहले अर्थ, फिर शब्दऐसा कहकर उसने प्रचण्ड बाण छोड़े। लक्ष्मणजीने सबके सैकड़ों टुकड़े कर डाले। रावणने करोड़ों अस्त्र-शस्त्र चलाये। लक्ष्मणजीने उनको तिलके बराबर करके काटकर हटा दिया॥ २॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 854 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
मूल पाठ
अस कहि छाड़ेसि बान प्रचंडा। लछिमन किए सकल सत खंडा।।
कोटिन्ह आयुध रावन डारे। तिल प्रवान करि काटि निवारे।।
स्रोत अभिलेख 6.83 · पुस्तक पृ. 854, 855
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 अस कहि छाड़ेसि बान प्रचंडा। लछिमन किए सकल सत खंडा।।
English explanation
Saying this, Ravana released fierce arrows. Lakshmana cut them all into a hundred pieces each.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| अस | ऐसा | thus |
| कहि | कहकर | having said |
| छाड़ेसि | उसने छोड़े | he released |
| बान | बाण | arrows |
| प्रचंडा | अत्यंत प्रबल | fierce |
| लछिमन | लक्ष्मण ने | Lakshmana, Rama's brother |
| किए | कर दिए | made |
| सकल | सभी को | all of them |
| सत | सौ | a hundred |
| खंडा | टुकड़े | pieces |
2 कोटिन्ह आयुध रावन डारे। तिल प्रवान करि काटि निवारे।।
English explanation
Ravana hurled tens of millions of weapons. Lakshmana cut them into sesame-sized fragments and warded them off.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| कोटिन्ह | करोड़ों | tens of millions |
| आयुध | अस्त्र-शस्त्र | weapons |
| रावन | रावण ने | Ravana, king of Lanka |
| डारे | फेंके; चलाए | hurled |
| तिल | तिल के दाने | a sesame seed |
| प्रवान | के बराबर आकार के | equal in size to |
| करि | करके | making |
| काटि | काटकर | by cutting |
| निवारे | निवारण किया; रोक दिए | warded off |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- लङ्काकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 6.83
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 854
- सहायक विषय
- लक्ष्मण-रावण-युद्ध
- मुद्रित पृष्ठ
- 854, 855
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।