बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
लगे कहन हरिकथा रसाला। दच्छ प्रजेस भए तेहि काला।।
मूल पाठ
लगे कहन हरिकथा रसाला। दच्छ प्रजेस भए तेहि काला।।
देखा बिधि बिचारि सब लायक। दच्छहि कीन्ह प्रजापति नायक।।
स्रोत अभिलेख 1.6 · पुस्तक पृ. 80, 80
भावार्थ
मूल पाठ के बादशिवजी भगवान् हरिकी रसमयी कथाएँ कहने लगे। उसी समय दक्ष प्रजापति हुए। ब्रह्माजीने सब प्रकारसे योग्य देख-समझकर दक्षको प्रजापतियोंका नायक बना दिया॥ ३॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 80 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 लगे कहन हरिकथा रसाला। दच्छ प्रजेस भए तेहि काला।।
English explanation
Shiva began recounting delightful stories of Hari. At that time, Daksha became chief of the progenitors.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| लगे | लगे | began |
| कहन | कहने | to recount |
| हरिकथा | भगवान हरि की कथा | stories of Lord Hari |
| रसाला | सरस और आनंददायक | delightful and engaging |
| दच्छ | प्रजापति दक्ष | Daksha, a progenitor |
| प्रजेस | प्रजापतियों के अधिपति | chief of the progenitors |
| भए | बने | became |
| तेहि | उस | that |
| काला | समय | time |
2 देखा बिधि बिचारि सब लायक। दच्छहि कीन्ह प्रजापति नायक।।
English explanation
Brahma considered everyone’s fitness and appointed Daksha chief of the progenitors.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| देखा | देखा; परखा | examined |
| बिधि | ब्रह्मा ने | Brahma, the creator |
| बिचारि | विचार करके | after considering |
| सब | सबको | everyone |
| लायक | योग्य; योग्यता की दृष्टि से | fit; with regard to fitness |
| दच्छहि | दक्ष को | Daksha |
| कीन्ह | बनाया | appointed |
| प्रजापति | प्रजापतियों का | of the progenitors |
| नायक | प्रधान | chief |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.6
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 80
- सहायक विषय
- शिवजीद्वारा सतीका त्याग, शिवजीकी समाधि
- मुद्रित पृष्ठ
- 80, 80
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।