बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
रामकथा सुंदर कर तारी। संसय बिहग उडावनिहारी।।
भावार्थ
पहले अर्थ, फिर शब्दश्रीरामचन्द्रजीकी कथा हाथकी सुन्दर ताली है, जो सन्देहरूपी पक्षियोंको उड़ा देती है। फिर रामकथा कलियुगरूपी वृक्षको काटनेके लिये कुल्हाड़ी है। हे गिरिराजकुमारी! तुम इसे आदरपूर्वक सुनो॥ १॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 126 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
मूल पाठ
रामकथा सुंदर कर तारी। संसय बिहग उडावनिहारी।।
रामकथा कलि बिटप कुठारी। सादर सुनु गिरिराजकुमारी।।
स्रोत अभिलेख 1.114 · पुस्तक पृ. 126, 127
शब्द-दर-शब्द अर्थ
AI शब्दार्थनीचे के शब्दार्थ AI प्रारूप हैं; विद्वान-समीक्षा बाकी है। ऊपर का भावार्थ PDF संस्करण से है।अर्थ कैसे बने, इसकी प्रक्रिया स्रोत पृष्ठ पर पढ़ें।
1 रामकथा सुंदर कर तारी। संसय बिहग उडावनिहारी।।
English explanation
AI draft: The story of Rama is a lovely clap of the hands that drives away the birds of doubt.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| रामकथा | राम की कथा | the story of Rama |
| सुंदर | सुंदर | beautiful |
| कर | हाथों की | of the hands |
| तारी | ताली | a clap |
| संसय | संशयरूपी | doubt, pictured as |
| बिहग | पक्षी | birds |
| उडावनिहारी | उड़ा देने वाली | that drives away |
2 रामकथा कलि बिटप कुठारी। सादर सुनु गिरिराजकुमारी।।
English explanation
The story of Rama is an axe for the tree of the Kali age. Listen reverently, O Parvati, daughter of the mountain king.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| रामकथा | राम की कथा | the story of Rama |
| कलि | कलियुगरूपी | the Kali age, pictured as |
| बिटप | वृक्ष | a tree |
| कुठारी | कुल्हाड़ी | an axe |
| सादर | आदरपूर्वक | reverently |
| सुनु | सुनो | listen |
| गिरिराजकुमारी | हे पर्वतराज की पुत्री पार्वती | O Parvati, daughter of the mountain king |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.114
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 126
- सहायक विषय
- शिव-पार्वती-संवाद
- मुद्रित पृष्ठ
- 126, 127
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।