बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
रानी सुनि उपरोहित बानी। प्रमुदित सखिन्ह समेत सयानी।।
मूल पाठ
रानी सुनि उपरोहित बानी। प्रमुदित सखिन्ह समेत सयानी।।
बिप्र बधू कुलबृद्ध बोलाईं। करि कुल रीति सुमंगल गाईं।।
स्रोत अभिलेख 1.322 · पुस्तक पृ. 303, 303
भावार्थ
मूल पाठ के बादबुद्धिमती रानी पुरोहितकी वाणी सुनकर सखियोंसमेत बड़ी प्रसन्न हुईं। ब्राह्मणोंकी स्त्रियों और कुलकी बूढ़ी स्त्रियोंको बुलाकर उन्होंने कुलरीति करके सुन्दर मङ्गलगीत गाये॥ २॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 303 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
1 रानी सुनि उपरोहित बानी। प्रमुदित सखिन्ह समेत सयानी।।
English explanation
Hearing the priest’s words, the discerning queen became delighted, together with her companions.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| रानी | सीता की माता रानी | the queen, Sita’s mother |
| सुनि | सुनकर | having heard |
| उपरोहित | पुरोहित की | of the priest |
| बानी | बात | words |
| प्रमुदित | अत्यंत प्रसन्न हुईं | became delighted |
| सखिन्ह | सखियों के | her companions |
| समेत | साथ | together with |
| सयानी | समझदार | discerning |
2 बिप्र बधू कुलबृद्ध बोलाईं। करि कुल रीति सुमंगल गाईं।।
English explanation
The queen summoned the Brahmins’ wives and the elder women of the family. Observing the family customs, they sang auspicious wedding songs.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| बिप्र | ब्राह्मणों की | of Brahmins |
| बधू | पत्नियाँ | wives |
| कुलबृद्ध | कुल की बुजुर्ग स्त्रियाँ | elder women of the family |
| बोलाईं | बुलाईं | summoned |
| करि | करके; निभाकर | having performed |
| कुल | कुल की | of the family |
| रीति | परंपरागत रीति | traditional customs |
| सुमंगल | शुभ मंगलगीत | auspicious wedding songs |
| गाईं | गाए | sang |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.322
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 303
- सहायक विषय
- बारातका जनकपुरमें आना और स्वागतादि
- मुद्रित पृष्ठ
- 303, 303
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।