बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
राज धनी जो जेठ सुत आही। नाम प्रतापभानु अस ताही।।
भावार्थ
पहले अर्थ, फिर शब्दराज्यका उत्तराधिकारी जो बड़ा लड़का था, उसका नाम प्रतापभानु था। दूसरे पुत्रका नाम अरिमर्दन था, जिसकी भुजाओंमें अपार बल था और जो युद्धमें [पर्वतके समान] अटल रहता था॥ ३॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 159 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
मूल पाठ
राज धनी जो जेठ सुत आही। नाम प्रतापभानु अस ताही।।
अपर सुतहि अरिमर्दन नामा। भुजबल अतुल अचल संग्रामा।।
स्रोत अभिलेख 1.153 · पुस्तक पृ. 159, 159
शब्द-दर-शब्द अर्थ
AI शब्दार्थनीचे के शब्दार्थ AI प्रारूप हैं; विद्वान-समीक्षा बाकी है। ऊपर का भावार्थ PDF संस्करण से है।अर्थ कैसे बने, इसकी प्रक्रिया स्रोत पृष्ठ पर पढ़ें।
1 राज धनी जो जेठ सुत आही। नाम प्रतापभानु अस ताही।।
English explanation
The elder son, who became lord of the kingdom, was named Pratapabhanu.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| राज | राज्य का | of the kingdom |
| धनी | स्वामी | lord |
| जो | जो | who |
| जेठ | बड़ा | elder |
| सुत | पुत्र | son |
| आही | था | was |
| नाम | नाम | name |
| प्रतापभानु | प्रतापभानु | Pratapabhanu, Satyaketu’s elder son |
| अस | ऐसा | such |
| ताही | उसका | his |
2 अपर सुतहि अरिमर्दन नामा। भुजबल अतुल अचल संग्रामा।।
English explanation
The other son was named Arimardana; his strength of arms was unequalled, and he was unshakable in battle.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| अपर | दूसरे | the other |
| सुतहि | पुत्र का | son’s |
| अरिमर्दन | अरिमर्दन; शत्रुओं को कुचलने वाला | Arimardana, crusher of enemies |
| नामा | नाम था | was named |
| भुजबल | भुजाओं का बल | strength of arms |
| अतुल | अतुलनीय | unequalled |
| अचल | अडिग | unshakable |
| संग्रामा | युद्ध में | in battle |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.153
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 159
- सहायक विषय
- प्रतापभानुकी कथा
- मुद्रित पृष्ठ
- 159, 159
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।