बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
राजन रामु अतुलबल जैसें। तेज निधान लखनु पुनि तैसें।।
मूल पाठ
राजन रामु अतुलबल जैसें। तेज निधान लखनु पुनि तैसें।।
कंपहि भूप बिलोकत जाकें। जिमि गज हरि किसोर के ताकें।।
स्रोत अभिलेख 1.293 · पुस्तक पृ. 278, 278
भावार्थ
मूल पाठ के बादहे राजन्! जैसे श्रीरामचन्द्रजी अतुलनीय बली हैं, वैसे ही तेजनिधान फिर लक्ष्मणजी भी हैं, जिनके देखनेमात्रसे राजालोग ऐसे काँप उठते थे, जैसे हाथी सिं हके बच्चेके ताकनेसे काँप उठते हैं॥ २॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 278 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 राजन रामु अतुलबल जैसें। तेज निधान लखनु पुनि तैसें।।
English explanation
O king, just as Rama possesses matchless strength, Lakshmana too is a treasury of prowess.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| राजन | हे राजन | O king |
| रामु | राम | Rama |
| अतुलबल | अतुलनीय बल वाले | of matchless strength |
| जैसें | जैसे | just as |
| तेज | तेज; प्रभाव और पराक्रम | splendor and prowess |
| निधान | भंडार | treasury |
| लखनु | लक्ष्मण, राम के भाई | Lakshmana, Rama’s brother |
| पुनि | भी | also |
| तैसें | वैसे ही | likewise |
2 कंपहि भूप बिलोकत जाकें। जिमि गज हरि किसोर के ताकें।।
English explanation
Kings tremble under Lakshmana’s gaze, as elephants do when a lion cub looks at them.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| कंपहि | काँपते हैं | tremble |
| भूप | राजा | kings |
| बिलोकत | दृष्टि डालने पर | upon looking |
| जाकें | जिनके; लक्ष्मण के | whose; Lakshmana’s |
| जिमि | जैसे | as |
| गज | हाथी | elephants |
| हरि | सिंह | lion |
| किसोर | शावक; बच्चा | cub |
| के | के | of |
| ताकें | ताकने पर | upon gazing |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.293
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 278
- सहायक विषय
- दशरथजीके पास जनकजीका दूत भेजना, अयोध्यासे बारातका प्रस्थान
- मुद्रित पृष्ठ
- 278, 278
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।