बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
यह सब चरित कहा मैं गाई। आगिलि कथा सुनहु मन लाई।।
मूल पाठ
यह सब चरित कहा मैं गाई। आगिलि कथा सुनहु मन लाई।।
बिस्वामित्र महामुनि ग्यानी। बसहि बिपिन सुभ आश्रम जानी।।
स्रोत अभिलेख 1.206 · पुस्तक पृ. 204, 205
भावार्थ
मूल पाठ के बादयह सब चरित्र मैंने गाकर (बखानकर) कहा। अब आगेकी कथा मन लगाकर सुनो। ज्ञानी महामुनि विश्वामित्रजी वनमें शुभ आश्रम (पवित्र स्थान) जानकर बसते थे,॥ १॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 204 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
1 यह सब चरित कहा मैं गाई। आगिलि कथा सुनहु मन लाई।।
English explanation
This is an AI-generated interpretive draft. I have narrated all these deeds in song; now listen attentively to the story that follows.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| यह | यह | these |
| सब | सब | all |
| चरित | चरित्र; घटनाएँ | deeds; events |
| कहा | कहा; वर्णन किया | narrated |
| मैं | मैंने | I |
| गाई | गाकर | in song |
| आगिलि | आगे की | following |
| कथा | कथा | story |
| सुनहु | सुनो | listen |
| मन | मन; ध्यान | mind; attention |
| लाई | लगाकर | applying; focusing |
2 बिस्वामित्र महामुनि ग्यानी। बसहि बिपिन सुभ आश्रम जानी।।
English explanation
Vishvamitra, the great and wise sage, lives in an auspicious hermitage in the forest.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| बिस्वामित्र | ऋषि विश्वामित्र | Vishvamitra, the sage |
| महामुनि | महान मुनि | great sage |
| ग्यानी | ज्ञानी | wise; possessing spiritual knowledge |
| बसहि | रहते हैं | dwells |
| बिपिन | वन में | in the forest |
| सुभ | शुभ; पवित्र | auspicious; holy |
| आश्रम | आश्रम | hermitage |
| जानी | जानकर; चुनकर | having recognized; having chosen |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.206
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 204
- सहायक विषय
- श्रीभगवान्का प्राकट्य और बाललीलाका आनन्द
- मुद्रित पृष्ठ
- 204, 205
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।