बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
देखे सिव बिधि बिष्नु अनेका। अमित प्रभाउ एक तें एका।।
मूल पाठ
देखे सिव बिधि बिष्नु अनेका। अमित प्रभाउ एक तें एका।।
बंदत चरन करत प्रभु सेवा। बिबिध बेष देखे सब देवा।।
स्रोत अभिलेख 1.54 · पुस्तक पृ. 75, 75
भावार्थ
मूल पाठ के बादसतीजीने अनेक शिव, ब्रह्मा और विष्णु देखे, जो एक-से-एक बढ़कर असीम प्रभाववाले थे। [उन्होंने देखा कि] भाँति-भाँतिके वेष धारण किये सभी देवता श्रीरामचन्द्रजीकी चरणवन्दना और सेवा कर रहे हैं॥ ४॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 75 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 देखे सिव बिधि बिष्नु अनेका। अमित प्रभाउ एक तें एका।।
English explanation
She saw many Shivas, Brahmas, and Vishnus, of immeasurable power, each surpassing the other.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| देखे | देखे | saw |
| सिव | शिव | Shivas |
| बिधि | ब्रह्मा, सृष्टिकर्ता | Brahmas, the creators |
| बिष्नु | विष्णु | Vishnus |
| अनेका | अनेक | many |
| अमित | असीम | immeasurable |
| प्रभाउ | प्रभाव; सामर्थ्य | power |
| एक | एक | one |
| तें | से | than |
| एका | दूसरा, बढ़कर | another, surpassing |
2 बंदत चरन करत प्रभु सेवा। बिबिध बेष देखे सब देवा।।
English explanation
She saw all the gods in various forms, bowing at the Lord’s feet and serving him.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| बंदत | वंदना करते हुए | bowing in reverence |
| चरन | चरणों की | at the feet |
| करत | करते हुए | performing |
| प्रभु | प्रभु की | the Lord’s |
| सेवा | सेवा | service |
| बिबिध | विविध | various |
| बेष | वेशों में | in forms or attire |
| देखे | देखे | saw |
| सब | सभी | all |
| देवा | देवता | gods |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.54
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 75
- सहायक विषय
- सतीका भ्रम, श्रीरामजीका ऐश्वर्य और सतीका खेद
- मुद्रित पृष्ठ
- 75, 75
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।