बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
तिन्ह कहँ कहिअ नाथ किमि चीन्हे। देखिअ रबि कि दीप कर लीन्हे।।
मूल पाठ
तिन्ह कहँ कहिअ नाथ किमि चीन्हे। देखिअ रबि कि दीप कर लीन्हे।।
सीय स्वयंबर भूप अनेका। समिटे सुभट एक तें एका।।
स्रोत अभिलेख 1.292 · पुस्तक पृ. 277, 277
भावार्थ
मूल पाठ के बादहे नाथ! उनके लिये आप कहते हैं कि उन्हें कैसे पहचाना! क्या सूर्यको हाथमें दीपक लेकर देखा जाता है? सीताजीके स्वयंवरमें अनेकों राजा और एक-से-एक बढ़कर योद्धा एकत्र हुए थे,॥ २॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 277 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
AI शब्दार्थनीचे के शब्दार्थ AI प्रारूप हैं; विद्वान-समीक्षा बाकी है। ऊपर का भावार्थ PDF संस्करण से है।अर्थ कैसे बने, इसकी प्रक्रिया स्रोत पृष्ठ पर पढ़ें।
1 तिन्ह कहँ कहिअ नाथ किमि चीन्हे। देखिअ रबि कि दीप कर लीन्हे।।
English explanation
My lord, how can one ask how they were recognized? Does one hold a lamp to see the sun?
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| तिन्ह | उनको; उन पुत्रों को | them; those sons |
| कहँ | के विषय में | regarding |
| कहिअ | कहिए; कहा जाए | say; should one say |
| नाथ | हे स्वामी | my lord |
| किमि | कैसे | how |
| चीन्हे | पहचाना | recognized |
| देखिअ | देखा जाए | should one see |
| रबि | सूर्य को | the sun |
| कि | क्या | whether; a question marker |
| दीप | दीपक | a lamp |
| कर | हाथ में | in the hand |
| लीन्हे | लिए हुए | holding |
2 सीय स्वयंबर भूप अनेका। समिटे सुभट एक तें एका।।
English explanation
At Sita’s bridegroom-selection ceremony, many kings gathered, warriors each greater than the next.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| सीय | सीता के | of Sita |
| स्वयंबर | स्वयंवर में | at the bridegroom-selection ceremony |
| भूप | राजा | kings |
| अनेका | अनेक | many |
| समिटे | एकत्र हुए | gathered |
| सुभट | श्रेष्ठ योद्धा | mighty warriors |
| एक | एक | one |
| तें | से | than |
| एका | दूसरा बढ़कर | another surpassing |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.292
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 277
- सहायक विषय
- दशरथजीके पास जनकजीका दूत भेजना, अयोध्यासे बारातका प्रस्थान
- मुद्रित पृष्ठ
- 277, 277
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।