बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
जेहि यह कथा सुनी नहिं होई। जनि आचरजु करैं सुनि सोई।।
मूल पाठ
जेहि यह कथा सुनी नहिं होई। जनि आचरजु करैं सुनि सोई।।
कथा अलौकिक सुनहिं जे ग्यानी। नहिं आचरजु करहिं अस जानी।।
रामकथा कै मिति जग नाहीं। असि प्रतीति तिन्ह के मन माहीं।।
नाना भाँति राम अवतारा। रामायन सत कोटि अपारा।।
स्रोत अभिलेख 1.33 · पुस्तक पृ. 55, 56
भावार्थ
मूल पाठ के बादजिसने यह कथा पहले न सुनी हो, वह इसे सुनकर आश्चर्य न करे। जो ज्ञानी इस विचित्र कथाको सुनते हैं, वे यह जानकर आश्चर्य नहीं करते कि संसारमें रामकथाकी कोई सीमा नहीं है (रामकथा अनन्त है)। उनके मनमें ऐसा विश्वास रहता है। नाना प्रकारसे श्रीरामचन्द्रजीके अवतार हुए हैं और सौ करोड़ तथा अपार रामायण हैं॥ २-३॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 56 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
1 जेहि यह कथा सुनी नहिं होई। जनि आचरजु करैं सुनि सोई।।
English explanation
Anyone who has not heard this story before should not be astonished on hearing it.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| जेहि | जिसने | whoever |
| यह | यह | this |
| कथा | कथा | story |
| सुनी | सुनी | heard |
| नहिं | नहीं | not |
| होई | हो | has |
| जनि | मत | do not |
| आचरजु | आश्चर्य | astonishment |
| करैं | करें | feel |
| सुनि | सुनकर | on hearing |
| सोई | वही व्यक्ति | that same person |
2 कथा अलौकिक सुनहिं जे ग्यानी। नहिं आचरजु करहिं अस जानी।।
English explanation
The wise who hear this extraordinary story do not marvel, knowing what is stated next.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| कथा | कथा | story |
| अलौकिक | साधारण जगत से परे; अद्भुत | beyond the ordinary; extraordinary |
| सुनहिं | सुनते हैं | hear |
| जे | जो | who |
| ग्यानी | ज्ञानी लोग | the wise |
| नहिं | नहीं | not |
| आचरजु | आश्चर्य | astonishment |
| करहिं | करते हैं | feel |
| अस | ऐसा; आगे कही बात | this; what follows |
| जानी | जानकर | knowing |
3 रामकथा कै मिति जग नाहीं। असि प्रतीति तिन्ह के मन माहीं।।
English explanation
They hold this conviction in their hearts: in this world, the story of Rama has no limit.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| रामकथा | राम की कथा | the story of Rama |
| कै | की | of |
| मिति | सीमा; परिमाण | limit; measure |
| जग | संसार में | in the world |
| नाहीं | नहीं है | there is none |
| असि | ऐसी | such |
| प्रतीति | मान्यता; विश्वास | conviction; belief |
| तिन्ह | उन ज्ञानी लोगों | those wise people |
| के | के | of |
| मन | मन | hearts; minds |
| माहीं | में | within |
4 नाना भाँति राम अवतारा। रामायन सत कोटि अपारा।।
English explanation
Rama’s incarnations take many forms, and the Ramayana accounts number a hundred crore, beyond measure.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| नाना | अनेक | many; diverse |
| भाँति | प्रकार | kinds |
| राम | भगवान राम के | of Lord Rama |
| अवतारा | अवतार | incarnations |
| रामायन | रामकथा के ग्रंथ या वर्णन | Ramayana narratives |
| सत | सौ | one hundred |
| कोटि | करोड़ | crore; ten million |
| अपारा | अपरिमित | immeasurable |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.33
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 56
- सहायक विषय
- मानसनिर्माणकी तिथि
- मुद्रित पृष्ठ
- 55, 56
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।