बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
कतहुँ मुनिन्ह उपदेसहिं ग्याना। कतहुँ राम गुन करहिं बखाना।।
मूल पाठ
कतहुँ मुनिन्ह उपदेसहिं ग्याना। कतहुँ राम गुन करहिं बखाना।।
जदपि अकाम तदपि भगवाना। भगत बिरह दुख दुखित सुजाना।।
स्रोत अभिलेख 1.76 · पुस्तक पृ. 92, 93
भावार्थ
मूल पाठ के बादवे कहीं मुनियोंको ज्ञानका उपदेश करते और कहीं श्रीरामचन्द्रजीके गुणोंका वर्णन करते थे। यद्यपि सुजान शिवजी निष्काम हैं, तो भी वे भगवान् अपने भक्त (सती) के वियोगके दु:खसे दु:खी हैं॥ १॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 92 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
1 कतहुँ मुनिन्ह उपदेसहिं ग्याना। कतहुँ राम गुन करहिं बखाना।।
English explanation
AI-draft meaning: Shiva sometimes instructs sages in spiritual knowledge and sometimes extols Rama’s qualities.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| कतहुँ | कहीं; कभी | somewhere; sometimes |
| मुनिन्ह | मुनियों को | to the sages |
| उपदेसहिं | उपदेश देते हैं | instruct |
| ग्याना | आध्यात्मिक ज्ञान | spiritual knowledge |
| कतहुँ | कहीं; कभी | somewhere; sometimes |
| राम | भगवान राम के | of Lord Rama |
| गुन | गुणों का | qualities |
| करहिं | करते हैं | perform; engage in |
| बखाना | बखान; प्रशंसा | extolling; praise |
2 जदपि अकाम तदपि भगवाना। भगत बिरह दुख दुखित सुजाना।।
English explanation
Although the discerning Lord Shiva is free from desire, he is nevertheless saddened by the sorrow of separation from a devotee.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| जदपि | यद्यपि | although |
| अकाम | कामनारहित | free from desire |
| तदपि | तथापि; फिर भी | nevertheless |
| भगवाना | भगवान शिव | Lord Shiva |
| भगत | भक्त के | from a devotee |
| बिरह | वियोग का | separation |
| दुख | दुःख से | by the sorrow |
| दुखित | दुःखी | saddened |
| सुजाना | सुजान; भलीभाँति जानने वाले | discerning; wise |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.76
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 92
- सहायक विषय
- पार्वतीका जन्म और तपस्या
- मुद्रित पृष्ठ
- 92, 93
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।