बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
अस कहि भले भूप अनुरागे। रूप अनूप बिलोकन लागे।।
मूल पाठ
अस कहि भले भूप अनुरागे। रूप अनूप बिलोकन लागे।।
देखहिं सुर नभ चढ़े बिमाना। बरषहिं सुमन करहिं कल गाना।।
स्रोत अभिलेख 1.246 · पुस्तक पृ. 239, 240
भावार्थ
मूल पाठ के बादऐसा कहकर अच्छे राजा प्रेममग्र होकर श्रीरामजीका अनुपम रूप देखने लगे। [मनुष्योंकी तो बात ही क्या] देवता लोग भी आकाशसे विमानोंपर चढ़े हुए दर्शन कर रहे हैं और सुन्दर गान करते हुए फूल बरसा रहे हैं॥ ४॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 239 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 अस कहि भले भूप अनुरागे। रूप अनूप बिलोकन लागे।।
English explanation
Having said this, the worthy kings became absorbed in love and began gazing upon the incomparable beauty.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| अस | ऐसा | thus; this |
| कहि | कहकर | having said |
| भले | सज्जन; भले | worthy; good-hearted |
| भूप | राजा | kings |
| अनुरागे | प्रेम में मग्न हुए | became filled with love |
| रूप | रूप; सुंदर स्वरूप | form; beauty |
| अनूप | अनुपम; बेजोड़ | incomparable; peerless |
| बिलोकन | देखने; निहारने | to behold; to gaze upon |
| लागे | लगे; आरंभ किया | began |
2 देखहिं सुर नभ चढ़े बिमाना। बरषहिं सुमन करहिं कल गाना।।
English explanation
The gods watch from celestial vehicles in the sky, shower flowers, and sing sweet songs.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| देखहिं | देखते हैं | watch; behold |
| सुर | देवता | gods |
| नभ | आकाश में | in the sky |
| चढ़े | चढ़े हुए; सवार | mounted; riding |
| बिमाना | विमानों पर; दिव्य वाहनों में | on celestial vehicles |
| बरषहिं | बरसाते हैं | shower; rain down |
| सुमन | फूल | flowers |
| करहिं | करते हैं | perform; make |
| कल | मधुर; सुरीला | sweet; melodious |
| गाना | गान; गायन | song; singing |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.246
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 239
- सहायक विषय
- श्रीराम-लक्ष्मणसहित विश्वामित्रका यज्ञशालामें प्रवेश
- मुद्रित पृष्ठ
- 239, 240
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