बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
अति गहगहे बाजने बाजे। सबहिं मनोहर मंगल साजे।।
मूल पाठ
अति गहगहे बाजने बाजे। सबहिं मनोहर मंगल साजे।।
जूथ जूथ मिलि सुमुख सुनयनीं। करहिं गान कल कोकिलबयनी।।
स्रोत अभिलेख 1.286 · पुस्तक पृ. 272, 273
भावार्थ
मूल पाठ के बादखूब जोरसे बाजे बजने लगे। सभीने मनोहर मङ्गल-साज सजे। सुन्दर मुख और सुन्दर नेत्रोंवाली तथा कोयलके समान मधुर बोलनेवाली स्त्रियाँ झुंड-की-झुंड मिलकर सुन्दर गान करने लगीं॥ १॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 272 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 अति गहगहे बाजने बाजे। सबहिं मनोहर मंगल साजे।।
English explanation
Instruments sounded loudly and resoundingly. All the lovely arrangements for the auspicious celebration were prepared.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| अति | बहुत | very |
| गहगहे | गूँजते हुए, जोर-जोर से | loudly and resoundingly |
| बाजने | बाजे; वाद्ययंत्र | musical instruments |
| बाजे | बजने लगे | sounded |
| सबहिं | सभी | all |
| मनोहर | मन को भाने वाले | lovely; pleasing |
| मंगल | शुभ उत्सव के साज | auspicious celebratory arrangements |
| साजे | सजाए गए | were arranged |
2 जूथ जूथ मिलि सुमुख सुनयनीं। करहिं गान कल कोकिलबयनी।।
English explanation
Women with lovely faces and eyes, whose voices are like cuckoos, gather in groups and sing sweet songs.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| जूथ | समूह | groups |
| जूथ | समूह; मिलकर ‘समूह-समूह’ | groups; together, ‘group after group’ |
| मिलि | मिलकर | gathering together |
| सुमुख | सुंदर मुख वाली स्त्रियाँ | women with lovely faces |
| सुनयनीं | सुंदर नेत्रों वाली स्त्रियाँ | women with beautiful eyes |
| करहिं | करती हैं | perform |
| गान | गायन | singing |
| कल | मधुर | sweet; melodious |
| कोकिलबयनी | कोयल जैसी वाणी वाली स्त्रियाँ | women with cuckoo-like voices |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.286
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 272
- सहायक विषय
- श्रीराम-लक्ष्मण और परशुराम-संवाद
- मुद्रित पृष्ठ
- 272, 273
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