बालकाण्ड · चौपाई · चौपाई
अतिबल कुंभकरन अस भ्राता। जेहि कहुँ नहिं प्रतिभट जग जाता।।
मूल पाठ
अतिबल कुंभकरन अस भ्राता। जेहि कहुँ नहिं प्रतिभट जग जाता।।
करइ पान सोवइ षट मासा। जागत होइ तिहुँ पुर त्रासा।।
स्रोत अभिलेख 1.18 · पुस्तक पृ. 180, 181
भावार्थ
मूल पाठ के बादअत्यन्त बलवान् कुम्भकर्ण-सा उसका भाई था, जिसके जोड़का योद्धा जगत्में पैदा ही नहीं हुआ। वह मदिरा पीकर छ: महीने सोया करता था। उसके जागते ही तीनों लोकोंमें तहलका मच जाता था॥ २॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 180 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
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1 अतिबल कुंभकरन अस भ्राता। जेहि कहुँ नहिं प्रतिभट जग जाता।।
English explanation
Ravana had an immensely powerful brother, Kumbhakarna, whose equal in combat had never been born in the world.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| अतिबल | अत्यंत बलवान | immensely powerful |
| कुंभकरन | रावण का भाई कुंभकरन | Kumbhakarna, Ravana’s brother |
| अस | जैसा | such as |
| भ्राता | भाई | brother |
| जेहि | जिसके | to whom |
| कहुँ | लिए; मुकाबले में | in opposition to |
| नहिं | नहीं | not |
| प्रतिभट | मुकाबले का योद्धा | matching adversary |
| जग | संसार में | in the world |
| जाता | जन्मा | born |
2 करइ पान सोवइ षट मासा। जागत होइ तिहुँ पुर त्रासा।।
English explanation
He drank and slept for six months; when he awoke, terror spread through the three worlds.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| करइ | करता है | does |
| पान | पीना | drinking |
| सोवइ | सोता है | sleeps |
| षट | छह | six |
| मासा | महीने | months |
| जागत | जागने पर | upon waking |
| होइ | होता है | arises |
| तिहुँ | तीनों | all three |
| पुर | लोकों में | in the worlds |
| त्रासा | भय | terror |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- बालकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 1.18
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 180
- सहायक विषय
- रावणादिका जन्म, तपस्या और उनका ऐश्वर्य तथा अत्याचार
- मुद्रित पृष्ठ
- 180, 181
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।