अरण्यकाण्ड · चौपाई · चौपाई
बिटप बिसाल लता अरुझानी। बिबिध बितान दिए जनु तानी।।
मूल पाठ
बिटप बिसाल लता अरुझानी। बिबिध बितान दिए जनु तानी।।
कदलि ताल बर धुजा पताका। दैखि न मोह धीर मन जाका।।
स्रोत अभिलेख 3.38 · पुस्तक पृ. 670, 671
भावार्थ
मूल पाठ के बादविशाल वृक्षोंमें लताएँ उलझी हुई ऐसी मालूम होती हैं मानो नाना प्रकारके तंबू तान दिये गये हैं। केला और ताड़ सुन्दर ध्वजा-पताकाके समान हैं। इन्हें देखकर वही नहीं मोहित होता जिसका मन धीर है॥ १॥
स्रोत: सचित्र, सटीक गीता प्रेस संस्करण · PDF पृ. 670 · मूल पाठ अलग स्रोत-अभिलेख से · स्रोत-स्थिति
शब्द-दर-शब्द अर्थ
1 बिटप बिसाल लता अरुझानी। बिबिध बितान दिए जनु तानी।।
English explanation
AI-generated meaning draft: Creepers entwine the huge trees, as though varied canopies have been stretched overhead.
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| बिटप | वृक्ष | trees |
| बिसाल | विशाल | huge |
| लता | लताएँ | creepers |
| अरुझानी | उलझी हुई हैं | are entwined |
| बिबिध | विभिन्न प्रकार के | various |
| बितान | चँदोवे | canopies |
| दिए | दिए गए हैं | have been set up |
| जनु | मानो | as though |
| तानी | तानकर | stretched out |
2 कदलि ताल बर धुजा पताका। दैखि न मोह धीर मन जाका।।
English explanation
Banana and palm trees resemble fine flags and banners; whose steadfast mind would not be captivated by this sight?
| मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| कदलि | केले के वृक्ष | banana trees |
| ताल | ताड़ के वृक्ष | palm trees |
| बर | सुंदर, श्रेष्ठ | fine |
| धुजा | ध्वज | flags |
| पताका | पताकाएँ | banners |
| दैखि | देखकर | on seeing |
| न | नहीं | not |
| मोह | मोहित हो | be captivated |
| धीर | धीर, स्थिर | steadfast |
| मन | मन | mind |
| जाका | जिसका | whose |
स्रोत और प्रसंग
- काण्ड
- अरण्यकाण्ड
- पद
- चौपाई
- स्रोत अभिलेख
- 3.38
- भावार्थ पृष्ठ
- PDF पृ. 670
- सहायक विषय
- शबरीपर कृपा, नवधा भक्ति-उपदेश और पम्पासरकी ओर प्रस्थान
- मुद्रित पृष्ठ
- 670, 671
विषय-शीर्षक पुस्तक की विषय-सूची से हैं; पृष्ठ-मिलान अनुमानित है और एक अंश में कई प्रसंग आ सकते हैं।