मूल पाठ · शब्दार्थ · भावार्थ
उत्तरकाण्ड दोहा · पृ. 941
AI प्रारूपये संदर्भानुसार AI द्वारा बनाए गए शब्दार्थ और भावार्थ हैं। विद्वान की समीक्षा बाकी है; त्रुटियाँ संभव हैं।15 / 15 शब्दों के अर्थ उपलब्ध
पृष्ठ 1 / 1
दोहा
।
| अवधी / मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| देखकर | having seen | |
| राम ने | Rama, the subject | |
| मुनि को | the sage | |
| आते हुए | approaching | |
| हर्षित होकर | with joy | |
| भूमि पर पूरा शरीर झुकाकर प्रणाम | full-body prostration | |
| किया | performed |
भावार्थ
एआई-प्रारूप: मुनि को आते देखकर राम ने हर्षित होकर दंडवत प्रणाम किया।
AI draft: Seeing the sage approaching, Rama joyfully prostrated himself in greeting.
॥ ३२॥
| अवधी / मूल शब्द | हिन्दी अर्थ | English meaning |
|---|---|---|
| स्वागत करके | having welcomed him | |
| कुशल पूछकर | having asked after his well-being | |
| पीला | yellow | |
| वस्त्र | cloth | |
| प्रभु राम ने | Lord Rama | |
| बैठने | sitting | |
| के लिए | for | |
| दिया | gave |
भावार्थ
एआई-प्रारूप: स्वागत करके और कुशल पूछकर प्रभु ने मुनि को बैठने के लिए पीला वस्त्र दिया।
AI draft: After welcoming the sage and asking after his well-being, the Lord gave him a yellow cloth to sit on.